पर्यावरण

Gurudongmar Lake: सिक्किम GLOF, तीस्ता नदी और पर्यटन

Gurudongmar Lake: सिक्किम GLOF, तीस्ता नदी और पर्यटन

चर्चा में क्यों?

अक्टूबर 2023 में एक ग्लेशियल लेक आउटबर्स्ट फ्लड (glacial lake outburst flood - GLOF) के बाद दो साल से अधिक समय तक बंद रहने के बाद उत्तरी सिक्किम (Sikkim) में गुरुडोंगमार झील (Gurudongmar Lake) का उपयोग फिर से खुल गया है। फिर से खोलने से पर्यटकों (tourists) को एक बार फिर भारत की सबसे ऊँची और सबसे पवित्र झीलों (sacred lakes) में से एक की यात्रा करने की अनुमति मिलती है।

पृष्ठभूमि

गुरुडोंगमार झील उत्तरी सिक्किम (Sikkim) की लाचेन घाटी (Lachen valley) में तिब्बत की सीमा के करीब 5,430 मीटर (लगभग 17,800 फीट) की ऊंचाई पर स्थित है। झील का नाम तिब्बती बौद्ध धर्म के गुरु पद्मसंभव (गुरु रिनपोछे - Guru Rinpoche) के नाम पर रखा गया है, और इसके पानी को बौद्ध (Buddhists) और सिख (Sikhs) समान रूप से पूजते हैं। कठोर जलवायु के कारण, झील के कुछ हिस्से साल के ज्यादातर समय जमे रहते हैं।

4 अक्टूबर 2023 को, भारी वर्षा के कारण आई एक हिमनद झील के फटने (glacial lake outburst flood) से ल्होनक झील (Lhonak Lake) में बाढ़ आ गई, जिससे तीस्ता नदी (Teesta River) के किनारे विनाशकारी अचानक बाढ़ (flash floods) आ गई। लाचेन और गुरुडोंगमार को जोड़ने वाले पुल और सड़कें बह गईं। पुनर्निर्माण (Reconstruction) में 400 फुट का ताराम चू पुल (Taram Chu bridge) बनाना और अशांत धार के साथ सड़क को बहाल करना शामिल है। प्रतिबंधित पहुंच के 887 दिनों के बाद, प्रशासन ने मार्च 2026 में मार्ग को फिर से खोल दिया।

मुख्य बिंदु और महत्व

  • पर्यटन पुनरुद्धार (Tourism revival): फिर से खोलने से लाचेन (Lachen) और आस-पास के गांवों में पर्यटन पर निर्भर आजीविका (livelihoods) बहाल हो जाती है। टूर ऑपरेटर (Tour operators), होटल (hotels) और होमस्टे (homestays) उम्मीद करते हैं कि पर्यटक सुरम्य (picturesque) झील में लौट आएंगे।
  • इन्फ्रास्ट्रक्चर लचीलापन (Infrastructure resilience): इंजीनियरों ने भविष्य की हिमनदी बाढ़ (glacial floods) के लिए फिर से बनाए गए पुलों को अधिक लचीला (resilient) बनाने के लिए प्रबलित कंक्रीट संरचनाओं (reinforced concrete structures) और बेहतर जल निकासी (drainage) का उपयोग किया।
  • पारिस्थितिक संवेदनशीलता (Ecological sensitivity): अधिकारी आगंतुकों से कूड़ा-करकट फैलाने से बचने और शोर (noise) और प्रदूषण (pollution) को सीमित करके नाजुक उच्च ऊंचाई वाले पारिस्थितिकी तंत्र (fragile high‑altitude ecosystem) का सम्मान करने का आग्रह करते हैं।
  • क्षेत्रीय महत्व: गुरुडोंगमार रणनीतिक भारत-चीन सीमा (strategic Indo‑China border) के पास स्थित है; बेहतर पहुंच न केवल पर्यटन बल्कि सीमा प्रबंधन (border management) और आपदा प्रतिक्रिया (disaster response) में भी सहायता करती है।

स्रोत: EastMojo

Sign in Today’s news
Current affairs Daily news Daily quiz News Blitz Shorts Economic Survey 2025-26 Subjects
Polity Economy Geography Environment History Science & Tech Intl. Relations Internal Security Art & Culture Social Issues
All subjects Exam info UPSC Syllabus Prelims syllabus Mains syllabus Exam pattern Eligibility & attempts OBC & EWS checker Resources Free downloads Booklist 2026 Previous year papers Video notes YouTube channel