चर्चा में क्यों?
उत्तर कोरिया (North Korea) ने अप्रैल 2026 की शुरुआत में हथियारों के परीक्षणों की एक श्रृंखला का आयोजन किया, जिसमें क्लस्टर मुनिशन वारहेड (cluster munition warhead) के साथ लगे ह्वासोंग-11जीए (Hwasong-11Ga) छोटी दूरी की बैलिस्टिक मिसाइल का प्रक्षेपण भी शामिल है। राज्य मीडिया ने शेखी बघारी (boasted) कि क्लस्टर वारहेड 16 से 17 एकड़ आकार के क्षेत्र को तबाह कर सकता है, जिससे विनाशकारी शक्ति (destructive power) और ऐसे हथियारों की अंधाधुंध प्रकृति (indiscriminate nature) के बारे में चिंताएं बढ़ गई हैं।
पृष्ठभूमि
ह्वासोंग-11जीए, जिसे पश्चिमी पदनाम KN-23 के नाम से भी जाना जाता है, उत्तर कोरिया द्वारा विकसित एक सिंगल-स्टेज, ठोस-ईंधन (solid-fuel) वाली बैलिस्टिक मिसाइल है। 2018 में अनावरण किया गया और 2019 में परीक्षण-फायर किया गया, यह रूसी इस्कंदर-एम मिसाइल (Russian Iskander-M missile) जैसा दिखता है और एक अर्ध-बैलिस्टिक प्रक्षेपवक्र (quasi-ballistic trajectory) पर उड़ता है। विश्लेषकों का अनुमान है कि 500 किलोग्राम का वारहेड ले जाने पर इसकी सीमा लगभग 600 से 700 किलोमीटर है, जिससे यह पूरे कोरियाई प्रायद्वीप (Korean Peninsula) में लक्ष्यों पर प्रहार करने में सक्षम हो जाती है। मिसाइल को सड़क-मोबाइल (road-mobile) या रेल-जनित (rail-borne) प्लेटफार्मों से लॉन्च किया जा सकता है, जिससे इसकी उत्तरजीविता (survivability) बढ़ जाती है।
तकनीकी विशेषताएं
- आयाम (Dimensions): लगभग 7.3 मीटर लंबी और लगभग 0.9 मीटर व्यास वाली, यह मिसाइल पहले के उत्तर कोरियाई SRBM से बड़ी है और 500 किलोग्राम तक के वारहेड ले जा सकती है।
- ठोस-ईंधन प्रणोदन (Solid-fuel propulsion): ठोस समग्र प्रणोदक (solid composite propellant) का उपयोग तरल-ईंधन मिसाइलों (liquid-fuel missiles) की तुलना में न्यूनतम तैयारी समय के साथ तेजी से लॉन्च करने की अनुमति देता है।
- मार्गदर्शन और सटीकता (Guidance and accuracy): यह जड़त्वीय नेविगेशन (inertial navigation) और संभवतः उपग्रह मार्गदर्शन को नियुक्त करता है, जिससे यह 35 से 200 मीटर के रूप में कम गोलाकार त्रुटि संभावित (circular error probable - CEP) देता है।
- वारहेड विकल्प: मिसाइल पारंपरिक, रासायनिक या परमाणु वारहेड दे सकती है। हाल के परीक्षण में एक क्लस्टर मुनिशन वारहेड (cluster munition warhead) दिखाया गया है जो एक विस्तृत क्षेत्र में कई छोटे बमों को फैलाता है।
क्लस्टर मुनिशन - 'शैतान का हथियार' (the ‘devil’s weapon’)
- व्यापक फैलाव (Wide dispersal): क्लस्टर मुनिशन मध्य-हवा (mid-air) में दर्जनों से लेकर सैकड़ों छोटे उप-मुनिशन (submunitions) छोड़ते हैं, जिससे एक बड़ा क्षेत्र संतृप्त (saturating) हो जाता है। यह उन्हें बिखरे हुए लक्ष्यों के खिलाफ प्रभावी बनाता है लेकिन अंधाधुंध (indiscriminate) भी करता है।
- नागरिक क्षति (Civilian harm): उप-मुनिशन अक्सर प्रभाव पर विस्फोट (explode on impact) करने में विफल होते हैं, बिना फटे आयुध (unexploded ordnance) के रूप में शेष रहते हैं जो शत्रुता समाप्त होने के लंबे समय बाद भी नागरिकों को मार सकते हैं या घायल कर सकते हैं।
- अंतर्राष्ट्रीय कलंक (International stigma): 100 से अधिक देशों ने क्लस्टर मुनिशन के उपयोग पर प्रतिबंध लगाने वाले कन्वेंशन ऑन क्लस्टर मुनिशन (Convention on Cluster Munitions) की पुष्टि की है, हालांकि संयुक्त राज्य अमेरिका, रूस और चीन जैसी प्रमुख शक्तियों ने नहीं की है। उत्तर कोरिया द्वारा क्लस्टर वारहेड्स का उपयोग क्षेत्रीय तनाव को बढ़ाता है और मानवीय चिंताओं (humanitarian concerns) को बढ़ाता है।
महत्व
- क्षेत्रीय सुरक्षा के लिए खतरा: ह्वासोंग-11जीए की ठोस-ईंधन गतिशीलता और उच्च परिशुद्धता (high precision) का संयोजन दक्षिण कोरिया और जापान में मिसाइल रक्षा प्रणालियों के लिए एक चुनौती है।
- हथियारों में वृद्धि (Arms escalation): क्लस्टर-सशस्त्र बैलिस्टिक मिसाइलों का विकास युद्ध के मैदान की घातकता (battlefield lethality) और क्षेत्र से इनकार (area denial) पर उत्तर कोरिया के फोकस का संकेत देता है, जो संभावित रूप से क्षेत्र में हथियारों की दौड़ को भड़काता है।
- मानवीय निहितार्थ (Humanitarian implications): क्लस्टर मुनिशन की अंधाधुंध प्रकृति क्लस्टर मुनिशन कन्वेंशन के लिए वैश्विक पालन और उत्तर कोरिया के हथियार कार्यक्रमों पर अंकुश लगाने के लिए कूटनीतिक प्रयासों (diplomatic efforts) के आह्वान को रेखांकित करती है।
निष्कर्ष
नवीनतम मिसाइल परीक्षण उत्तर कोरिया के शस्त्रागार के विकसित परिष्कार (evolving sophistication) को रेखांकित करते हैं। क्लस्टर मुनिशन जैसे हथियारों से उत्पन्न मानवीय जोखिमों को संबोधित करने और वृद्धि को रोकने के लिए अंतर्राष्ट्रीय दबाव और बहुपक्षीय बातचीत (multilateral dialogue) आवश्यक है।