चर्चा में क्यों?
हाल ही में विज्ञान और प्रौद्योगिकी राज्य मंत्री ने युवा विज्ञानी कार्यक्रम (Yuva Vigyani Karyakram - YUVIKA) के माध्यम से युवा छात्रों में वैज्ञानिक दृष्टिकोण (scientific temper) विकसित करने के इसरो (ISRO) के प्रयासों पर प्रकाश डाला। युविका (YUVIKA), कक्षा 9 के छात्रों के लिए एक आवासीय विज्ञान शिविर (residential science camp) है, जो 2026 की गर्मियों में फिर से आयोजित किया जाएगा। इसका उद्देश्य किशोरों को अंतरिक्ष विज्ञान और प्रौद्योगिकी (space science and technology) से परिचित कराना है।
पृष्ठभूमि
ISRO ने विशेष रूप से ग्रामीण क्षेत्रों के स्कूली बच्चों को विज्ञान, प्रौद्योगिकी, इंजीनियरिंग और गणित (Science, Technology, Engineering and Mathematics - STEM) में करियर बनाने के लिए प्रेरित करने के उद्देश्य से 2019 में युविका (YUVIKA) की शुरुआत की थी। यह कार्यक्रम उन छात्रों के लिए बनाया गया है जिन्होंने कक्षा 8 पास कर ली है और कक्षा 9 में पढ़ रहे हैं। 2025 तक, 1,300 से अधिक छात्रों ने दो सप्ताह के इस शिविर का लाभ उठाया है, जो विभिन्न इसरो केंद्रों पर आयोजित किया जाता है।
चयन प्रक्रिया (Selection process)
- पात्रता (Eligibility): कक्षा 8 पास कर चुके और कक्षा 9 में पढ़ने वाले छात्र इसके लिए आवेदन कर सकते हैं। CBSE, ICSE और राज्य बोर्डों का प्रतिनिधित्व सुनिश्चित करते हुए प्रत्येक राज्य और केंद्र शासित प्रदेश से तीन छात्रों का चयन किया जाता है।
- मानदंड (Criteria): चयन कक्षा 8 के शैक्षणिक प्रदर्शन (academic performance), एक ऑनलाइन क्विज और पाठ्येतर उपलब्धियों (extracurricular achievements) के आधार पर किया जाता है। ग्रामीण स्कूलों के आवेदकों को अतिरिक्त वेटेज (weightage) दिया जाता है। अंक समान होने की स्थिति में, कम उम्र के उम्मीदवारों को प्राथमिकता दी जाती है।
- समावेशी भागीदारी (Inclusive participation): दूरदराज और कम प्रतिनिधित्व वाले क्षेत्रों के छात्रों की भागीदारी सुनिश्चित करने के लिए आरक्षण की व्यवस्था है, जो समान पहुंच (equitable access) के प्रति इसरो की प्रतिबद्धता को दर्शाता है।
कार्यक्रम की मुख्य विशेषताएं
- प्रायोगिक शिक्षा (Hands‑on learning): दो सप्ताह के आवासीय शिविर में अंतरिक्ष प्रौद्योगिकी, रॉकेट विज्ञान (rocket science), उपग्रह और खगोल विज्ञान (astronomy) पर व्याख्यान, प्रयोग और प्रदर्शन शामिल हैं। छात्र लॉन्चपैड (launchpads), प्रयोगशालाओं और संग्रहालयों का दौरा करते हैं।
- वैज्ञानिकों के साथ बातचीत (Interaction with scientists): प्रतिभागी प्रख्यात वैज्ञानिकों के व्याख्यान सुनते हैं, इंजीनियरों के साथ बातचीत करते हैं और मिशन नियंत्रण गतिविधियों (mission control activities) को देखते हैं, जिससे उन्हें वास्तविक दुनिया के अंतरिक्ष मिशनों की जानकारी मिलती है।
- टीम प्रोजेक्ट्स (Team projects): छात्र समूहों में काम करके सरल प्रयोग डिज़ाइन करते हैं या मॉडल रॉकेट बनाते हैं, जिससे सहयोग और समस्या-समाधान कौशल (problem‑solving skills) को बढ़ावा मिलता है।
- शिविर के बाद जुड़ाव (Post‑camp engagement): पुराने छात्र (Alumni) ऑनलाइन समुदायों और मेंटरशिप कार्यक्रमों के माध्यम से जुड़े रहते हैं, जो STEM में उनकी निरंतर रुचि का समर्थन करते हैं।
महत्व
- प्रारंभिक प्रेरणा (Early inspiration): किशोरों को अत्याधुनिक विज्ञान से परिचित कराकर, युविका (YUVIKA) जिज्ञासा (curiosity) पैदा करता है और छात्रों को विज्ञान व इंजीनियरिंग को करियर के रूप में चुनने के लिए प्रोत्साहित कर सकता है।
- ग्रामीण क्षेत्रों तक पहुंच (Rural outreach): ग्रामीण आवेदकों के लिए वेटेज विज्ञान शिक्षा में शहरी-ग्रामीण अंतर को पाटने में मदद करता है और छात्रों का एक विविध समूह सुनिश्चित करता है।
- मानव संसाधन विकास (Human resource development): भारत के बढ़ते अंतरिक्ष क्षेत्र को प्रतिभाओं की आवश्यकता है; युविका जैसे कार्यक्रम भविष्य के वैज्ञानिकों, इंजीनियरों और नवप्रवर्तकों (innovators) को तैयार करते हैं।
निष्कर्ष
युविका (YUVIKA) अगली पीढ़ी को प्रेरित करने की इसरो (ISRO) की प्रतिबद्धता का एक उत्कृष्ट उदाहरण है। क्लासरूम की पढ़ाई को प्रायोगिक अनुभवों के साथ जोड़कर, यह अंतरिक्ष विज्ञान की जटिलताओं को आसान बनाता है और सभी पृष्ठभूमि के छात्रों को बड़े सपने देखने तथा STEM करियर को आगे बढ़ाने के लिए प्रेरित करता है।
स्रोत: PIB