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Copyright Office का नियम, AI सिस्टम DABUS भारत में लेखक नहीं हो सकता

First brief 2 Sep, 5:00 am IST Updated 2 Sep, 5:00 am IST 3 developments 1 min read Latest ↓
A glowing blue circuit-board brain with a computer chip at its centre
Photo: mikemacmarketing (Flickr) / Wikimedia Commons · CC BY 2.0

Where it stands

31 August 2026 को Registrar of Copyrights उन्नत पी पंडित ने US कंप्यूटर वैज्ञानिक स्टीफन थालेर (Stephen Thaler) के एक आवेदन पर फैसला किया। थालेर ने Copyright Office से कलाकृति (artwork) "A Recent Entrance to Paradise" को पंजीकृत करने के लिए कहा। थालेर ने अपने AI सिस्टम DABUS को लेखक और खुद को मालिक के रूप में नामित किया। Registrar ने माना कि Copyright Act की Section 13 के तहत कलाकृति मौलिक (original) है। Registrar ने माना कि DABUS लेखक नहीं हो सकता। Section 2(d)(vi) कंप्यूटर जनित (computer-generated) कार्यों को कवर करती है। लेखक वह व्यक्ति है जो काम बनाने का कारण बनता है। Registrar ने पाया कि थालेर वह व्यक्ति है। DABUS कानून में कोई व्यक्ति नहीं है। केवल संसद ही किसी AI सिस्टम को कानूनी दर्जा (legal status) दे सकती है। थालेर ने खुद को लेखक के रूप में नामित करने से इनकार कर दिया। Copyright Office ने आवेदन को दायर रूप में खारिज कर दिया।

Background

कॉपीराइट (Copyright) किसी कार्य की प्रतियों को नियंत्रित करने का अधिकार है। भारत के नियम Copyright Act, 1957 में हैं। संसद ने Copyright (Amendment) Act, 1994 के माध्यम से Section 2(d)(vi) को जोड़ा। खंड कंप्यूटर-जनित कार्यों को कवर करता है। ऐसे कार्य का लेखक वह व्यक्ति होता है जो कार्य के निर्माण का कारण बनता है। Section 17 के तहत लेखक सामान्य रूप से पहला मालिक होता है। November 2020 में Copyright Office ने सह-लेखक के रूप में RAGHAV ऐप के साथ कलाकृति "Suryast" को पंजीकृत किया था। 25 November 2021 को Copyright Office ने उस प्रविष्टि के लिए एक वापसी नोटिस (withdrawal notice) भेजा। थालेर ने 2022 में अपना DABUS आवेदन दायर किया। इसके बाद आवेदन ने लगभग चार वर्षों तक प्रतीक्षा की।

How it developed

  1. 2018 to December 2023
    How it started

    दुनिया भर में थालेर का DABUS अभियान कैसे शुरू हुआ

    स्टीफन थालेर ने United States में DABUS का निर्माण किया। 2018 से थालेर ने कई देशों में पेटेंट आवेदन दाखिल किए। आवेदनों ने DABUS को आविष्कारक के रूप में नामित किया। 28 July 2021 को दक्षिण अफ्रीका ने DABUS को आविष्कारक बताते हुए एक पेटेंट प्रकाशित किया। दक्षिण अफ्रीका योग्यता के आधार पर पेटेंट की जांच नहीं करता है। ऑस्ट्रेलिया में एक एकल न्यायाधीश ने 30 July 2021 को DABUS को आविष्कारक के रूप में स्वीकार किया। Full Federal Court ने April 2022 में उस फैसले को उलट दिया। European Patent Office के अपील बोर्ड ने 21 December 2021 को DABUS को मना कर दिया। US Court of Appeals for the Federal Circuit ने 5 August 2022 को DABUS को मना कर दिया। US Supreme Court ने 24 April 2023 को उस मामले से इनकार कर दिया। UK Supreme Court ने 20 December 2023 को थालेर की अपील खारिज कर दी।

  2. 2 March 2026
    New fact

    US Supreme Court ने उसी कलाकृति पर थालेर की अपील खारिज की

    थालेर ने 19 May 2019 को उसी कलाकृति के लिए US Copyright Office में आवेदन किया। थालेर ने अपने AI, जिसे वहां Creativity Machine कहा जाता है, को लेखक के रूप में नामित किया। US Copyright Office ने पंजीकरण से इनकार कर दिया। 18 March 2025 को US Court of Appeals for the DC Circuit ने इनकार को बरकरार रखा। DC Circuit ने माना कि US Copyright Act के लिए मानव लेखक (human author) की आवश्यकता है। 2 March 2026 को US Supreme Court ने थालेर की अपील सुनने से इनकार कर दिया।

  3. 9 April 2026
    New fact

    दिल्ली हाईकोर्ट ने Copyright Office को आठ सप्ताह के भीतर फैसला करने को कहा

    July 2023 में Copyright Office ने थालेर को लेखक के रूप में एक प्राकृतिक व्यक्ति (natural person) का नाम देने के लिए कहा। कार्यालय ने 5 March 2024 के लिए सुनवाई तय की। फिर थालेर ने दो साल तक कुछ नहीं सुना। थालेर ने निर्देश के लिए Delhi High Court का रुख किया। 9 April 2026 को Justice तुषार राव गेदेला ने 27 April 2026 के लिए तय एक नई सुनवाई पर ध्यान दिया। न्यायाधीश ने Registrar को उस सुनवाई से आठ सप्ताह के भीतर फैसला करने का निर्देश दिया।

  4. 31 August 2026
    Settled

    Registrar ने कलाकृति को मौलिक पाया लेकिन DABUS को लेखक के रूप में अस्वीकार किया

    31 August 2026 को Registrar of Copyrights उन्नत पी पंडित ने अंतिम आदेश पारित किया। Registrar ने Section 13 के तहत कलाकृति को मौलिक (original) पाया। Registrar ने माना कि Section 2(d)(vi) के तहत DABUS नहीं, बल्कि थालेर ने कार्य के निर्माण का कारण बना। कानूनी व्यक्तित्व (legal personality) के बिना, DABUS Sections 17 से 19 के तहत थालेर को स्वामित्व (ownership) नहीं दे सकता था। थालेर ने खुद को लेखक के रूप में नामित करने के प्रस्ताव को अस्वीकार कर दिया। Copyright Office ने आवेदन को उसके मौजूदा स्वरूप में खारिज कर दिया।

Why it matters for UPSC

GS2 · Governance and lawGS3 · Intellectual property rightsGS3 · Artificial intelligence

यह विषय General Studies Paper 2 (शासन और कानून) और Paper 3 (बौद्धिक संपदा अधिकार और एआई) में आता है। दो परीक्षणों को अलग रखें। मौलिकता (Originality) पूछती है कि क्या काम कॉपी किया गया है या तुच्छ है। लेखकत्व (Authorship) पूछता है कि कानून में किस व्यक्ति ने काम किया। भारत और United States अब अलग हैं। US की अदालतों ने उसी कलाकृति के लिए कॉपीराइट देने से इनकार कर दिया। US कानून में मानव लेखक की आवश्यकता है। भारत के Registrar ने कलाकृति को मौलिक पाया। Registrar ने थालेर को उस व्यक्ति के रूप में नामित किया जिसने काम का कारण बना। आदेश Registrar की ओर से आता है, न कि किसी अदालत से।

Key terms

Author versus ownerलेखक (author) वह व्यक्ति होता है जो कोई कार्य करता है। मालिक (owner) वह व्यक्ति है जिसके पास कॉपीराइट है। Section 17 के तहत लेखक आमतौर पर पहला मालिक होता है। स्वामित्व (ownership) किसी अन्य व्यक्ति को केवल लिखित असाइनमेंट (written assignment) द्वारा ही दिया जा सकता है। थालेर ने स्वामित्व का दावा किया। थालेर ने DABUS को लेखक के रूप में नामित किया। DABUS किसी असाइनमेंट पर हस्ताक्षर नहीं कर सकता। इसलिए स्वामित्व की श्रृंखला (chain of ownership) टूट गई।
Originalityमौलिकता Section 13 के तहत कॉपीराइट के लिए मूल परीक्षण है। काम इसके निर्माता से आना चाहिए। काम कॉपी नहीं होना चाहिए। कार्य को केवल न्यूनतम स्तर की रचनात्मकता (minimal degree of creativity) की आवश्यकता होती है। Supreme Court ने यह परीक्षण Eastern Book Company v D B Modak में निर्धारित किया था। मौलिकता नवीनता (novelty) या कलात्मक योग्यता (artistic merit) के लिए नहीं पूछती है। Registrar ने DABUS कलाकृति को मौलिक पाया।
Computer-generated workकंप्यूटर-जनित कार्य एक कंप्यूटर प्रोग्राम के साथ बनाया गया कार्य है। Copyright Act की Section 2(d)(vi) अपने लेखक का नाम बताती है। लेखक वह व्यक्ति होता है जो कार्य के निर्माण का कारण बनता है। कंप्यूटर केवल उपकरण है। संसद ने 1994 में यह खंड जोड़ा था। Registrar ने इस खंड को DABUS कलाकृति पर लागू किया।
Juristic personएक न्यायिक व्यक्ति (juristic person) इंसान नहीं है। एक न्यायिक व्यक्ति अभी भी कानून में अधिकार और कर्तव्य रखता है। एक कंपनी एक न्यायिक व्यक्ति है। भारतीय अदालतों ने एक हिंदू मूर्ति को एक न्यायिक व्यक्ति माना है। थालेर ने DABUS की तुलना ऐसे व्यक्तियों से की। Registrar ने तुलना को खारिज कर दिया। केवल संसद ही कानूनी व्यक्तियों का नया वर्ग बना सकती है।
DABUSDABUS का अर्थ Device for the Autonomous Bootstrapping of Unified Sentience है। DABUS स्टीफन थालेर द्वारा निर्मित एक AI सिस्टम है। थालेर का कहना है कि DABUS अपने दम पर आविष्कार और निर्माण करता है। थालेर ने कई देशों में पेटेंट आवेदनों में DABUS को आविष्कारक के रूप में नामित किया है। पेटेंट कार्यालयों और अदालतों ने ज्यादातर इनकार कर दिया है। थालेर ने भारत में कलाकृति के लेखक के रूप में DABUS को नामित किया।
Registrar of CopyrightsRegistrar of Copyrights नई दिल्ली में Copyright Office का प्रमुख होता है। Registrar कार्यों को पंजीकृत करने के आवेदनों पर निर्णय लेता है। Registrar का निर्णय एक प्रशासनिक आदेश है, अदालत का फैसला नहीं। Registrar के अंतिम आदेश से व्यथित व्यक्ति तीन महीने के भीतर High Court में अपील कर सकता है।
Sources (11)
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